राजनीति

अमित शाह का ममता बनर्जी पर हमला: जोर लगा लीजिए, हम रथ यात्रा तो निकालकर रहेंगे और ईंट से ईंट बजा देंगे

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Written by Taasir Newspaper

Taasir Urdu News Network | Uploaded on 07-November-2018

कोलकाता: भारतीय जनता पार्टी (BJP) की आज यानी शुक्रवार से शुरू होने वाली रथ यात्रा पर पश्चिम बंगाल सरकार के बाद कलकत्ता हाईकोर्ट ने भी रोक लगा दी है. रथ यात्रा की मंजूरी सरकार और कोर्ट के द्वारा नहीं मिलने के बाद अमित शाह (Amit Sahh) ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर हमला बोला और कहा कि वह बीजेपी से डर गई हैं. अमित शाह ने कहा कि ममता बनर्जी को जितना जोर लगाना लगा लें, हम रथ यात्रा तो निकालकर रहेंगे और इसके लिए ईंट से ईंट बजा देंगे. उन्होंने आरोप लगाया कि बंगाल में माफियाओं का राज हो गया है. बता दें कि भाजपा अध्यक्ष अमित शाह खुद शुक्रवार को कुचबिहार से रथयात्रा को हरी झंडी दिखाने वाले थे.

अमित शाह ने कोलकाता में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि बीजेपी के विस्तार के लिए रथ यात्रा 7 दिसंबर, 9 दिसंबर और 14 दिसंबर से शुरू होना था. हमने प्रशासन से परमिशन मांगी थी. 2 और 12 और 20 नवंबर को रिमाइंडर भेजे गए. फिर 14, 20 और 23 नवंबर को पुलिस को रिमाइंडर भेजे गए लेकिन हमें परमिशन नहीं दी गई.

दरअसल, कलकत्ता उच्च न्यायालय ने गुरुवार को भाजपा को कूचबिहार में रथयात्रा निकालने की अनुमति नहीं दी थी. इससे पहले पश्चिम बंगाल सरकार ने इसकी अनुमति देने से इनकार करते हुए कहा था कि इससे सांप्रदायिक तनाव फैल सकता है. ऐसी उम्मीद थी कि भाजपा अध्यक्ष अमित शाह शुक्रवार को यहां से रथयात्रा को हरी झंडी दिखा सकते थे. इसे पश्चिम बंगाल में पार्टी का अब तक का सबसे बड़ा अभियान बताया जा रहा था.

उन्होंने ममता बनर्जी पर हमला बोला और कहा कि बंगाल में लोकतंत्र का दमन हो रहा है. ममता बनर्जी लोकतंत्र का गला घोंट रही हैं. बंगाल के अंदर जिस तरह से तृणमूल का कुशासण चला है. इसके बाद जो हमनें आवाज उठाई तो इससे ममता जी डरी हुई हैं. उन्हें डर है कि इस यात्रा के निकलने के बाद पूरे बंगाल में परिवर्तन की लहर चलेगी. इसलिए उन्होंने यात्रा रोकी. पंचायत चुनाव में इनती हिंसा हुई जितनी आज तक वाम दलों के समय में भी नहीं हुआ था. इस हिंसा में बीजेपी के 20 कार्यकर्ताओं की हत्या हुई, 1341 कार्यकर्ता घायल हुए, कुल 65 से ज्यादा राजनीतिक हत्याएं हुईं.

अमित शाह ने कहा कि मैं बंगाल की मुख्यमंत्री से स्टेटस पूछना चाहता हूं कि इन केसों का क्या हुआ. कोर्ट में चालान हुआ क्या, पुलिस और टीएमसी मिलकर राजनीतिक हत्याएं करा रहे हैं.  दो करोड़ मतदाताओं को वोट डालने का अधिकारी ही नहीं मिला. इन सब के बावजूद हम बंगाल में ज्यादा सीटें जीते हैं. पंचायत चुनाव के बाद ममता जी की नींद उड़ी हुई है. इसलिए यात्रा को स्वीकृति नहीं दी गई. प.बंगाल में माफिया सक्रिय हैं. तृणमूल के मंत्री इन माफियाओं को पनाह दे रहे हैं.

अमित शाह ने आगे कहा कि प.बंगाल में अपराध हर दिन बढ़ रहे हैं. राजनीतिक हत्याओं में बंगाल कई सालों में सबसे ऊपर रहा है. तुष्टिकरण की वजह से पूरा प्रशासन खोखला हो चुका है. दशहरा और अन्य त्योहारों में यहां वोट बैंक की राजनीति की जा रही है. राज्य में महिलाओं के प्रति अत्याचार में बंगाल की स्थिति सबसे दयनीय है. 44 फीसदी मानव तस्करी के मामले बंगाल में पकड़े गए हैं. मेडिकल के दाखिले में 15 -15 लाख रुपये के डोनेशन से हो रहा है. स्कूल में दाखिले भी बगैर घूस के नहीं होते. अब बंगाल की जनता परिवर्तन के लिए तैयार है. मैं ममता जी को सलाह देता हूं कि ऐसी यात्राओं को रोकेंगी तो बंगाल की जनता का आपके प्रति गुस्सा बढ़ेगा. ये तीनों यात्रा निश्चित तौर पर होगी. मैं ही जाऊंगा यात्रा शुरू करने. हम इसके लिए ईंट से ईंट बजा देंगे.

 

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