नई दिल्ली, 08 अगस्त
उच्चतम न्यायालय ने अहमदाबाद में 12 जून को एयर इंडिया का विमान क्रैश होने के बाद एयर इंडिया के बोइंग विमानों की उड़ानों को निलंबित करने की मांग खारिज कर दी है। जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच ने याचिकाकर्ता से कहा कि आपकी याचिका से ऐसा लगता है कि आप दूसरी एयरलाइंस के हाथों खेल रहे हैं। एयर इंडिया को ही टारगेट क्यों किया जाए, जिसके साथ एक भयावह हादसा हुआ है।
यह याचिका नरेंद्र कुमार गोस्वामी ने दायर की थी। याचिका में मांग की गई थी कि एयर इंडिया समेत दूसरी एयरलाइंस की सभी फ्लाइट का अघोषित ऑडिट किया जाए। साथ ही लोगों से भी फीडबैक लिया जाए, ताकि ऐसे सटीक कदम उठाए जाएं जो भविष्य में ऐसे हादसे रोके जा सकें। याचिका में कहा गया था कि पूरे तरीके से काम नहीं कर रहे एयरक्राफ्ट की उड़ानों पर तत्काल रोक लगाई जाए।
याचिका में एयर इंडिया के सभी एयरक्राफ्ट की उड़ानें दो हफ्ते रोकने की मांग की गई थी, ताकि उनका सेफ्टी ऑडिट हो सके। याचिका में मांग की गई थी कि सभी एयरलाइंस की सुरक्षा के लिए ताजा और कड़े दिशा-निर्देश जारी किए जाएं।

