TAASIR :- S M HASSAN 02 AUG
पटना, 01 अगस्त 2026:
जय प्रभा मेदांता सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, पटना के डिपार्टमेंट ऑफ ऑब्सटेट्रिक्स एंड गाइनकोलॉजी द्वारा शनिवार को अस्पताल परिसर में ‘हेलो मदरहुड’ कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम मातृत्व की यात्रा को सुरक्षित, सहज और जानकारीपूर्ण बनाने के उद्देश्य से आयोजित किया गया, जिसमें करीब 120 माताओं और गर्भवती महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम की शुरुआत प्री-फंक्शन एंगेजमेंट से हुई, जिसमें प्रतिभागियों के लिए डॉक्टर कंसल्टेशन, फोटो ऑपर्च्युनिटी और एंगेजमेंट जोन की व्यवस्था की गई। इसके बाद माताओं और गर्भवती महिलाओं के लिए स्वास्थ्य परिचर्चा, पैनल डिस्कशन, प्रश्नोत्तर सत्र और पेरेंटिंग मिथ-फैक्ट सेशन, रैपिड फायर, ब्लाइंड फोल्ड गेम और ग्रुप फोटो आयोजित किया गया।
इस अवसर पर *डॉ. मीना सामंत, डायरेक्टर – ऑब्सटेट्रिक्स एंड गाइनकोलॉजी, मेदांता पटना* ने कहा कि गर्भावस्था केवल नौ महीनों की चिकित्सा यात्रा नहीं, बल्कि मां और परिवार के लिए भावनात्मक, शारीरिक और मानसिक बदलावों का महत्वपूर्ण दौर है। उन्होंने कहा, *“गर्भवती महिलाओं को इस समय सही जानकारी, नियमित जांच, संतुलित आहार, भावनात्मक सहयोग और समय पर विशेषज्ञ सलाह की आवश्यकता होती है। ‘हेलो मदरहुड’ जैसे कार्यक्रम माताओं को डॉक्टरों से सीधे संवाद का अवसर देते हैं और उन्हें गर्भावस्था, सुरक्षित प्रसव और प्रसव के बाद की देखभाल को लेकर अधिक आत्मविश्वास देते हैं।”*
डॉ. मीना सामंत ने आगे कहा कि मेदांता पटना का उद्देश्य माताओं को एक भरोसेमंद, सुरक्षित और समग्र मातृत्व अनुभव प्रदान करना है। उन्होंने बताया कि अस्पताल में गर्भावस्था की शुरुआत से लेकर हाई-रिस्क प्रेग्नेंसी मैनेजमेंट, सुरक्षित प्रसव और प्रसवोत्तर देखभाल तक की सुविधा विशेषज्ञ टीम के साथ उपलब्ध है।
*डॉ. नीता केवलानी, डायरेक्टर – नियोनेटोलॉजी, मेदांता पटना* ने कहा कि सुरक्षित मातृत्व के साथ नवजात शिशु की देखभाल भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा, *“जन्म के तुरंत बाद के शुरुआती घंटे और दिन नवजात के स्वास्थ्य के लिए बेहद महत्वपूर्ण होते हैं। समय पर स्तनपान, संक्रमण से बचाव, तापमान नियंत्रण, नियमित निगरानी और जरूरत पड़ने पर विशेषज्ञ नियोनेटल केयर बच्चे के बेहतर स्वास्थ्य में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।”*
डॉ. नीता केवलानी ने यह भी कहा कि माता-पिता को नवजात शिशु की देखभाल को लेकर सही जानकारी होना जरूरी है, ताकि वे घर लौटने के बाद भी बच्चे की जरूरतों को बेहतर ढंग से समझ सकें। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रम माताओं और परिवारों को सुरक्षित प्रसव के साथ-साथ नवजात देखभाल के महत्वपूर्ण पहलुओं से भी जोड़ते हैं।
कार्यक्रम में उपस्थित प्रतिभागियों ने डॉक्टरों से गर्भावस्था, प्रसव, नवजात देखभाल, स्तनपान, आहार, मानसिक स्वास्थ्य और पेरेंटिंग से जुड़े कई सवाल पूछे। कई माताओं ने अपने अनुभव साझा किए और कार्यक्रम को उपयोगी, सहज और प्रेरणादायक बताया।
जय प्रभा मेदांता सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, पटना की ओर से कहा गया कि ‘हेलो मदरहुड’ कार्यक्रम माताओं और परिवारों को सही जानकारी, विशेषज्ञ सलाह और भावनात्मक सहयोग से जोड़ने की एक पहल है। अस्पताल भविष्य में भी मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को लेकर ऐसे जागरूकता और संवाद आधारित कार्यक्रम आयोजित करता रहेगा।

